बहुत कम इख़्तिलाफ़ है फुल और कांटों में,
बड़ा फर्क है दोनों का ज़िंदगी और राहों में।
ख़ैर तो गुजरेगी मगर आरज़ू नहीं अब दिल में,
ऐब कितना था मुझमें अब हू-ब-हू है आइने में।
खुद को दूर करके डूब मारना था गहरी नदी में,
मोहब्बत थी लहरों से जा गिरा पत्थर पहाड़ों में।
आब जरा कम था जीने के लिए उसके दिल में,
मेरी रूह से गुज़र के रूयत करती है आगही में।
सफ़र अपना तय करु तो क्या मैं भी हूं ज़िद्द में,
मुश्किलों से लड़ता तो चमक के निखरता खुद में।
By— Pradeep Yadav
iKHtilaaf
इख़्तिलाफ़اختلاف
difference, discord, dissension, disagreement
KHair
ख़ैरخیر
good, best, well, safe
कुशल, मंगल, खैरियत, शुभ, श्रेष्ठ, उम्दा, उपकार, भलाई, पुण्य, सवाव, प्रदान, बख्शिश, अव्य, अस्तु।
huu-ba-huu
हू-ब-हूہو بہ ہو
exactly, quite perfectly
aib
ऐबعیب
defect, vice, blemish, imperfection
दोष, बुराई, पाप, भूल, गुनाह
aagahii
आगहीآگہی
awareness
ज्ञान, जानकारी, समझ-बूझ, चेतना, सूचना
‘आगाही' का लघु, रूप ज्ञान, | जानकारी, सूचना, इत्तिलाअ, परिचय, पहचान।
ruuyat
रूयतرویت
observation , appearance, sight
aab
आबآب
water, luster
पानी, जल, चमक
चमक
जल, वारि, सलिल, नीर, आप, पानी।
Comments
Post a Comment