खुद को अपने आप बर्बाद कर रहा हूं,
आजा देख तेरी यादों में आज भी कैसे रो रहा हूं।
फना तो अक्सर तेरी मुस्कुराहट पर ही हो जाया करता था,
आजा देख बिन तेरे मैं कैसे जी रहा हूं।


                                     By— Pradeep Yadav

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