ये खिड़कियाँ सुनती है मेरी बातें ये दुनियां कुछ भी न जाने,
दर-ओ-दीवार भी है मेरे संग जीते ये दुनियां दिखावा जाने।
इस बरसती रात का दुख मैं जानू केवल ज़ख़्म से मैं जुड़ा हूं,
क्या कयामत आने को है क्या दरमियाँ है खौफ
dar-o-diivaar
दर-ओ-दीवार دَر و دِیوار
Persian ; Noun, Masculine
doors and walls, every nook and corner, all parts and corner of a dwelling
Comments
Post a Comment