मै भी राह पे था,
तू भी उसी राह पे थी,
फर्क था तो सिर्फ इतना की,
मै तेरे लिए रुका था,
और तू किसी दूजे की बाहों में थी।
तुझे देख,
दिल धड़कता था तेजी से
ये भी पत्थर हो गया,
खामखां बदनाम है नशा,
कुछ शब्दों के इज़हार में लोगों को बदनाम होते देखा है।
दिल अब जो दुखाया है,
तो ये रोएगा बहुत,
अब बिछड़ रहा तो
याद आऊंगा बहुत।।
By— Pradeep Yadav
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