यारों
ये जो पलकों पर नमी है हटाओ यारों,
ये जो बेपनाह मोहब्बत की बात कर रहे तुमसे, उन्हें भगाओ यारों।
खुद बिखरते है तो संभल नहीं पाते,
फिर भी लोग खुदाओं जैसी बातें करते हैं यारों।
लोग कहते थे कि ये मोहब्बत ही तो करने की चीज है,
अब कर ली मैंने, तो सजा दो यारों।
गोरियों की अदाओं पर फिदा है दुनिया,
इस बहकती हुई दुनिया को कोई संभालो यारो।
मैं जिंदगी की दुआ मांगने लगा हूं खुदा से अब,
अगर हो सके तो अब मुझे दोबारा मोहब्बत ना हो यारों।
By— Pradeep Yadav
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